Flood on Mars: अंतरिक्ष की दुनिया के बारे में पृथ्वी के वैज्ञानिक अभी ज्यादा कुछ पता नहीं लगा पाए हैं. लेकिन वे इस ओर लगातार प्रयासरत हैं. ऐसे में हालिया एक अध्ययन में पता चला है कि मंगल ग्रह (Mars) के भूमध्य रेखा पर लगभग 4 अरब साल पहले भीषण बाढ़ आई थी. इस बात के वैज्ञानिकों को संकेत भी मिले हैं. इस अध्ययन के आधार पर ही बताया जा रहा है कि इससे कहीं न कहीं जीवन के संकेत मिलने के रूप मे देखा जा सकता है. साइंटिफिक रिपोर्ट्स नामक जर्नल में एक रिसर्च को प्रकाशित किया गया. इसमें नासा के क्यूरियोसिटी रोवर द्वारा एकत्र किए गए आंकड़ों के आंकलन के बाद वैज्ञानिकों ने बाढ़ का पता लगाया है. Also Read - NASA Quiz: नासा की इस तस्वीर में आपको चेहरा दिखा या हाथ? आखिर क्या है इसका सही जवाब

बता दें कि साल 2011 में नासा द्वारा एक रोवर मंगल मिशन के लिए भेजा गया था. इसी की रिसर्च के दौरान यह पाया गया कि मंगल ग्रह पर हो सकता है बर्फ रहा होगा और उल्कापिंड के संपर्क में आने के कारण यहां की बर्फ पिघल गई और भीषण बाढ़ आई होगी. यह निष्कर्ण जैक्सन स्टेट यूनिवर्सिटी, कॉर्नेल यूनिवर्सिटी और यूनिवर्सिटी ऑफ हवाई के रिसर्च में सामने आया है. इसमें बताया गया है कि यह घटना मंगल ग्रह पर लगभग 4 अरब साल पहले घटित हुई होगी. Also Read - Jupiter-Saturn Great Conjunction 2020: 400 साल बाद आसमान में दिखेगी अद्भुत घटना, शनि और बृहस्पति का आज होगा संगम

वैज्ञानिकों ने रोवर क्यूरियोसिटी के डाटा की जांच के बाद यह पता लगाया है कि गेल क्रेटर में इस भयानक बाढ़ के पानी की गहराई लगभग 78 फीट तक थी, लेकिन यह विनाशकारी तब हो गया जब लहरे उठने लगीं. आंकड़ों की जांच के बाद बताया जा रहा है कि हर सेकेंट एक 32 फीट की लहर यहां उठने लगी थी. यहां 4 अरब साल पहले मौजूद बर्फ पर कोई उल्कापिंड गिरा होगा, इस टक्कर के बाद जो गर्मी और उर्जा निकली होगी उस कारण बर्फ पिघल गया और भयानक बाढ़ के रूप में बदल गया होगा. Also Read - 21 दिसंबर का दिन है बेहद खास, 400 सालों बाद आज आसमान में दिखेगा गुरु और शनि का महामिलन