Rakhi 2020: वाराणसी की महिला कारीगरों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गलवान घाटी में तैनात सैनिकों के लिए लकड़ी की राखियां भेजी हैं. राखियों को वाराणसी में प्रधानमंत्री के संसदीय कार्यालय को सौंप दिया गया है.Also Read - Dinesh Sharma's Profile: अटल बिहारी वाजपेयी ने मांगे थे जिनके लिए वोट, जानें उन दिनेश शर्मा के बारे में सब कुछ

महिला शिल्पकार शालिनी, वंदना, रीता, पुष्पा और सितम ने मोदी को एक पत्र भी भेजा है, जिसमें उनसे अनुरोध किया गया है कि वे सुनिश्चित करें कि राखी गलवान घाटी में सैनिकों तक पहुंचे. Also Read - गणतंत्र दिवस परेड से बंगाल की झांकी हटाई गई, केंद्र के फैसले से ‘स्तब्ध’ ममता बनर्जी ने PM मोदी को लिखा पत्र

गिफ्ट पैकेट में लकड़ी के लाह और खिलौने भी शामिल हैं. Also Read - Punjab Assembly Election 2022: CM चन्‍नी ने की 14 फरवरी को होने वाले चुनाव को टालने की अपुील, EC को लिखी चिट्ठी

जियोग्राफिकल इंडिकेशन (जीआई) विशेषज्ञ रजनी कांत ने महिलाओं को लकड़ी की राखियां बनाने में मदद की है. उन्होंने कहा कि ये राखियां एक सप्ताह पहले बनानी शुरू की थीं.

शालिनी ने कहा, “यह हमारी ओर से प्रधानमंत्री और हमारी सुरक्षा के लिए लड़ने वाले सैनिकों के लिए प्यार और विनम्र भाव हैं.”

उन्होंने बताया कि कोरोनावायरस महामारी के बीच, वाराणसी की महिला कारीगरों को जीआई टैग की गई लकड़ी से लगभग 50 हजार राखियां बनाने का रोजगार का अवसर मिला है.