Ultraviolet Lights Kill Coronavirus: कोरोनावायरस को लेकर दुनिया भर में शोध हो रहे हैं. वैज्ञानिक इस वायरस के बारे में और जानकारी जुटाना चाहते हैं, जिससे इसका पूरी तरह से खात्मा किया जा सके. ऐसे ही एक नवीन शोध में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं. Also Read - क्या कोरोना वैक्सीन से हुई कोई मौत, पीएम मोदी ने कन्फर्म कर टिप्स भी दिए, पढ़ें बड़ी बातें

इस शोध में पता चला है कि पराबैंगनी (यूवी) प्रकाश उत्सर्जक डायोड (यूवी-एलईडी) कोरोना वायरस को तेजी से, आसानी से और किफायती तरीके से मारने में कारगर साबित हो सकते हैं. Also Read - Coronavirus Vaccination: दुनिया का सबसे बड़ा कोरोना वैक्सिनेशन प्रोग्राम शुरू, पीएम मोदी ने कहा- भारत के लिए ये गौरव का दिन

अध्ययन में कहा गया है कि इस नवोन्मेष का इस्तेमाल वातानुकूलन और जल प्रणालियों में भी किया जा सकता है. Also Read - COVID-19 Vaccination Drive: वैक्सीन का इंतजार हुआ खत्म, दुनिया के सबसे बड़े टीकाकरण अभियान के लिए देश तैयार

‘जर्नल ऑफ फोटोकेमिस्ट्री एंड फोटोबॉयोलॉजी बी: बॉयोलॉजी’ में प्रकाशित इस अनुसंधान रिपोर्ट के तहत कोरोना वायरसों के परिवार के किसी वायरस पर यूवी-एलईडी विकिरण की विभिन्न तरंगों की रोगाणुनाशन क्षमता का आंकलन किया गया. अमेरिका स्थित ‘अमेरिकन फ्रेंड्स ऑफ तेल अवीव यूनिवर्सिटी’ के अध्ययन की सह लेखिका हदस ममने ने कहा, ‘‘पूरी दुनिया कोरोना वायरस को नष्ट करने के प्रभावी समाधान ढूंढ रही है.’’

वैज्ञानिक ने कहा कि किसी बस, ट्रेन, खेल के मैदान या विमान को रासायनिक पदार्थों के छिड़काव से संक्रमणमुक्त करने में लोगों और रसायन को सतह पर काम करने के लिए समय की आवश्यकता होती है. ममने ने कहा, ‘‘एलईडी बल्बों पर आधारित संक्रमणमुक्त करने की प्रणालियां वायु-संचरण प्रणाली एवं एयर कंडिशनर में लगाई जा सकती हैं.’’

उन्होंने कहा, ‘‘हमने पाया कि पराबैंगनी किरणें उत्सर्जित करने वाले एलईडी बल्बों की मदद से कोरोना वायरस को मारना बहुत आसान है. मैंने सस्ते और आसानी से उपलब्ध एलईडी बल्बों की मदद से वायरस को मारा.’’

अनुसंधानकर्ताओं ने कहा कि प्रणाली को इस तरह से डिजाइन किया जाना चाहिए, ताकि व्यक्ति प्रकाश के सीधे संपर्क में न आए क्योंकि घरों के भीतर सतहों को संक्रमणमुक्त करने के लिए यूवी-एलईडी का इस्तेमाल बहुत खतरनाक होगा.
(एजेंसी से इनपुट)