Hindu-Muslim brotherhood: पिछले काफी दिनों से कश्मीर में एनकाउंटर की खबरें आ रही हैं. सुरक्षा बलों और आतंकवादियों के बीच मुठभेड़ जैसी खबरों के बीच अब एक सुकून देने वाली खबर आई है. ये खबर देश में हिंदू-मुस्लिम भाईचारे की मिसाल कायम करती है.Also Read - जम्मू-कश्मीर और हिमाचल में कम हुई बारिश की रफ्तार, महाराष्ट्र को भी मिली राहत; जानिए दिल्ली का मौसम अपडेट

खबर है कि जम्मू एवं कश्मीर के बांदीपोरा जिले में गुरुवार को एक कश्मीरी पंडित महिला का अंतिम संस्कार पड़ोस में रहने वाले मुस्लिम समुदाय के लोगों ने किया. Also Read - 60 से ज्यादा बंदरों को दिया जहर, फिर बोरे में भरकर फेंक दिया | रणदीप हुड्डा ने शेयर किया Viral Video

इस घटना से दोनों समुदायों के बीच आपसी भाईचारे की सदियों पुरानी परंपरा फिर से बनती नजर आई. Also Read - Kishtwar cloudburst Update: अब तक 7 शव मिले, 19 लोग लापता, 17 घायल

बांदीपोरा जिले के कलूसा गांव में मोतीलाल भट्ट की पत्नी रानी भट्ट (75) की बुधवार को मौत हो गई, उसका अंतिम संस्कार गुरुवार को किया गया.

कोविड-19 महामारी को नजरअंदाज करते हुए दर्जनों मुस्लिम पड़ोसी शोक प्रकट करने भट्ट परिवार के घर पहुंच गए. इससे हिंदू-मुस्लिम भाईचारे की सदियों पुरानी परंपरा जीवंत हो उठी, जिसके लिए कश्मीर जाना जाता है.

पंडित महिला की मौत पर शोक प्रकट करने पहुंचीं मुस्लिम महिलाएं भी रोती नजर आईं.

मुस्लिम पुरुषों ने मिट्टी का बर्तन उठाया, शव को कंधा दिया और लकड़ियों से चिता तक बनाई.
(एजेंसी से इनपुट)