Rujira Banerjee: सीबीआई (CBI) ने ममता बनर्जी की बहू से दो घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की. ममता बनर्जी के भतीजे और तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसद अभिषेक बनर्जी (Abhishek Banerjee) की पत्नी रुजिरा बनर्जी (Rujira Narula Banerjee) से कोयले की अवैध तस्करी मामले से जुड़े कई सवाल पूछे गए.Also Read - IAS Cadre Rules में बदलाव करने जा रही मोदी सरकार, जानें इससे क्या फर्क पड़ेगा, जिसका विरोध हो रहा है

पूछे गए ये सवाल
CBI सूत्रों के अनुसार, अभिषेक की पत्नी से उनके विदेशी खाते में कुछ बैंक लेन-देन के बारे में पूछताछ की गई. आपकी कम्पनियाँ क्या क्या कारोबार करती हैं? मुख्य आरोपी अनूप मांझी से कब-कब पैसे लिए? Also Read - Netaji Subhash Chandra Bose की 125वीं जयंती : राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री ने दी श्रद्धांजलि, ममता ने कहा- राष्ट्रीय अवकाश घोषित करें

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) के अपने भतीजे अभिषेक के घर से निकलने के कुछ देर बाद ही यहां सीबीआई की टीम पहुंच गई थी. ममता बनर्जी यहां करीब 10 मिनट रुकी थीं. सीबीआई की टीम, जिसका नेतृत्व जांच अधिकारी उमेश कुमार कर रहे थे, वह दो घंटे की पूछताछ के बाद रुजिरा के आवास से चली गई. इस टीम में कुछ महिला अधिकारी भी शामिल थीं. Also Read - Manipur Polls 2022: मणिपुर में विधानसभा चुनाव से पहले TMC का एकमात्र विधायक BJP में शामिल

सीबीआई टीम ने पिछले साल नवंबर में दर्ज मामले के संबंध में पूछताछ के लिए रविवार को रुजिरा को नोटिस दिया था. एजेंसी ने कोयला चोरी के मामले में रुजिरा की भूमिका को पाया है. हालांकि मामले में उन्हें आरोपी नहीं बनाया गया है. तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी के अपने भतीजे अभिषेक के घर से निकलने के कुछ देर बाद ही सीबीआई की टीम पहुंच गई थी. ममता बनर्जी अभिषेक के घर करीब 10 मिनट रुकी थीं.

इससे पहले सोमवार को सीबीआई की 8 सदस्यीय टीम ने इसी सिलसिले में रुजिरा की बहन मेनका गंभीर से ढाई घंटे तक पूछताछ की थी. पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के पहले अभिषेक की पत्नी और उनकी साली पर सवाल उठाने से सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बीच वाकयुद्ध छिड़ गया है. तृणमूल कांग्रेस ने केंद्रीय एजेंसी की कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध करार दिया है.

इससे पहले सीबीआई ने इस मामले में कथित किंगपिन (प्रमुख साजिशकर्ता) अनूप मांझी उर्फ लाला के खिलाफ मामला दर्ज किया था. एजेंसी ने इसके साथ ही ईस्टर्न कोलफील्ड लिमिटेड के आला अधिकारियों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया है. कोयला तस्करी गिरोह मामले में केंद्रीय जांच एजेंसी ने पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश के 45 स्थानों पर पिछले साल 28 नवंबर को छापे मारे थे. सीबीआई ने 19 फरवरी को कोयला माफिया जयदेव मोंडल के परिसर सहित पश्चिम बंगाल के चार जिलों में 13 स्थानों पर तलाशी ली थी.