बंगाल में उद्योगों के लिए नई नीति का ऐलान, सरकार खरीदेगी जमीन; जानें निवेशकों को कैसे होगा फायदा
सुवेंदु अधिकारी ने उद्योगों के लिए नई भूमि खरीद नीति का ऐलान किया है. अब सरकार सीधे जमीन खरीदकर निवेशकों को देगी. जानें नई नीति, निवेश, रोजगार और उद्योगों को लेकर सरकार की पूरी योजना.
राज्य सरकार पहले भी अंतरराष्ट्रीय सीमा वाले इलाकों में इसी मॉडल पर जमीन खरीद चुकी है. (Photo from IANS)
- बंगाल में सुवेंदु सरकार ने उद्योगों के लिए जमीन खरीद की नई नीति का ऐलान किया
- सरकार सीधे जमीन मालिकों से जमीन खरीदकर उद्योगों को उपलब्ध कराएगी
- मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंगूर और नंदीग्राम जैसी स्थिति दोबारा नहीं बनने दी जाएगी
- सरकार ने रोजगार बढ़ाने, नए उद्योग लगाने और युवाओं को सॉफ्ट लोन देने का भी ऐलान किया
West Bengal News: पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने शनिवार (11 जुलाई) को राज्य में नए उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए बड़ी घोषणा की. उन्होंने कहा कि अब सरकार उद्योग लगाने के इच्छुक निवेशकों के लिए सीधे जमीन मालिकों से जमीन खरीदेगी और फिर उसे कंपनियों को उपलब्ध कराएगी. सुवेंदु ने कहा कि सरकार नहीं चाहती कि उद्योगों के लिए जमीन को लेकर फिर कभी सिंगूर और नंदीग्राम जैसी विवादित स्थिति पैदा हो.
सीमा क्षेत्रों पर लागू होगी नई व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार पहले भी अंतरराष्ट्रीय सीमा वाले इलाकों में इसी मॉडल पर जमीन खरीद चुकी है. वहां सरकार ने सीधे जमीन खरीदकर उसे सीमा सुरक्षा बल (BSF) को बाड़ लगाने के लिए उपलब्ध कराया था. अब यही व्यवस्था औद्योगिक परियोजनाओं में भी अपनाई जाएगी. न्यूज एजेंसी IANS ने सुवेंदु की ओर से बताया कि निवेशकों को जमीन के लिए किसी तरह के विवाद या कानूनी अड़चन का सामना नहीं करना पड़ेगा.
निवेश बढ़ाने के लिए कानून-व्यवस्था पर जोर
सीएम सुवेंदु ने कहा कि किसी भी राज्य में निवेश तभी बढ़ता है, जब वहां कानून-व्यवस्था मजबूत हो. उन्होंने दावा किया कि नई सरकार ने इस दिशा में सुधार की शुरुआत कर दी है और राज्य में रंगदारी तथा कट मनी जैसी पुरानी समस्याओं को खत्म करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं. उन्होंने पिछली ममता बनर्जी सरकार पर राज्य पर भारी कर्ज छोड़ने का आरोप भी लगाया. उनके अनुसार, पश्चिम बंगाल सरकार हर साल करीब 1 लाख करोड़ रुपये कर्ज और ब्याज चुकाने में खर्च कर रही है.
रोजगार बढ़ाने और युवाओं को मिलेगा सहारा
मुख्यमंत्री ने कहा कि सिर्फ सरकारी नौकरियों के भरोसे बेरोजगारी की समस्या का समाधान संभव नहीं है. इसके लिए बड़े पैमाने पर उद्योगों और फैक्ट्रियों की स्थापना जरूरी है, जिससे निजी क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार नए उद्यमियों को भी प्रोत्साहित करेगी और अपना कारोबार शुरू करने के लिए सॉफ्ट लोन उपलब्ध कराएगी. सरकार का लक्ष्य पश्चिम बंगाल को एक बार फिर देश के प्रमुख निवेश केंद्रों में शामिल करना है, ताकि उद्योगों के साथ-साथ राज्य की आय भी बढ़े और युवाओं को अपने ही राज्य में रोजगार के बेहतर अवसर मिल सकें.
ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. India.Com पर विस्तार से पढ़ें मनोरंजन की और अन्य ताजा-तरीन खबरें