West Bengal Assembly News Update: पश्चिम बंगाल विधानसभा में आज शुक्रवार को खूब हंगामा हुआ. भाजपा विधायकों ने चुनाव परिणाम बाद हिंसा से जुड़ी तस्वीरें सदन में लहराईं और जय श्रीराम व भारत माता की जय के नारे लगाए. राज्यपाल जगदीप धनखड़ (WB Governor Jagdeep Dhankhar) के भाषण के बीच में ऐसा हुआ, जिसके चलते उन्हें अपना भाषण छोटा कर बीच में ही समाप्त करने के लिए मजबूर होना पड़ा. भाजपा विधायक राज्यपाल के भाषण में चुनाव बाद हुई हिंसा का जिक्र ना होने से नाराज थे.Also Read - West Bengal By Election 2021: तीन सीटों पर 30 सितंबर को डाले जाएंगे वोट, सार्वजनिक अवकाश घोषित

राज्य की नवगठित विधानसभा का पहला सत्र आज से शुरू हो चुका है. इसमें पहले से ही ममता बनर्जी सरकार और विपक्षी भाजपा के बीच कई मुद्दों पर जोरदार हंगामे की उम्मीद थी. सदन में विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी  (Suvendu Adhikari) ने कहा कि हमने 77 सीटें जीती हैं. हमने राज्यपाल के भाषण के बीच विरोध किया, क्योंकि राज्य सरकार द्वारा लिखे गए भाषण में चुनाव के बाद की हिंसा पर कुछ भी नहीं कहा गया. Also Read - सुवेंदु अधिकारी बोले- बाबुल सुप्रियो को संसद से तुरंत इस्‍तीफा देना चाहिए, TMC भेज सकती है राज्‍यसभा

उन्होंने आगे कहा कि हम राज्यपाल का सम्मान करते हैं. उन्होंने चुनाव के बाद हुई हिंसा पर विरोध किया. हम उनके स्टैंड का सम्मान करते हैं. मगर जो भाषण लिखा गया वह ममता बनर्जी की कैबिनेट का था, राज्यपाल ने अपने भाषण में कुछ नहीं कहा. हमने अपने मृत कार्यकर्ताओं की तस्वीरों के साथ विरोध किया. Also Read - West Bengal By Election 2021: बंगाल की सीएम ममता बनर्जी के पास कितनी है संपत्ति, क्या आप जानते हैं...

मालूम हो कि राज्यपाल धनखड़ ने जो भाषण पढ़ा, उसमें उल्लेख किया गया, ‘हिंसा की सभी घटनाएं तब हुईं जब कानून और व्यवस्था ECI के अधीन थीं. नई सरकार के चुने जाने के बाद सामान्य स्थिति बहाल हो गई थी.’ भाजपा ने इसका विरोध किया और कहा कि यह राज्य सरकार द्वारा लिखा गया था ना कि राज्यपाल ने, और इसमें चुनाव के बाद की हिंसा के बारे में कुछ भी उल्लेख नहीं है.

इससे राज्यापाल नव गठित विधानसभा में अपना प्रथम अभिभाषण देने के लिए दोपहर में पहुंचे, लेकिन वह केवल तीन-चार मिनट ही बोल सकें क्योंकि प्रदर्शन करने के लिए पोस्टर और चुनाव बाद हुई हिंसा के कथित पीड़ितों की तस्वीरें लिए भाजपा सदस्य विधानसभा अध्यक्ष के आसन के करीब पहुंच गए.

विधानसभा सूत्रों के मुताबिक राज्यपाल ने अपना अभिभाषण पूरी तरह से नहीं पढ़ पाने के बाद उसे सदन में मेज पर रख दिया और वहां से निकल गए. राज्यपाल के सदन से बाहर निकलने के दौरान उनके साथ विधानसभा अध्यक्ष बिमान बनर्जी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (West Bengal CM Mamata Banerjee) भी थी.