गाजा: जेरूसलम में अमेरिकी दूतावास के उद्घाटन को लेकर गाजा-इजरायल सीमा पर विरोध प्रदर्शन कर रहे फिलीस्तीनी प्रदर्शनकारियों पर इजरायली सेना ने गोलीबारी की, जिसमें 55 फिलीस्तीनियों की मौत हो गई जबकि 2,771 घायल हो गए. दूतावास के उद्घाटन समारोह में एक अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल ने हिस्सा लिया, जिसमें राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दामाद जारेड कुशनर और बेटी इवांका ट्रप, तथा कोषागार मंत्री स्टीव मनुचिन शामिल थे. डोनाल्ड ट्रंप ने पूर्व में रिकार्ड किए गए एक वीडियो के जरिए समारोह को संबोधित किया. उन्होंने कहा कि जेरूसलम पहुंचना लंबे समय से लंबित था. Also Read - फूंक मारो, 50 सेकंड में हो जाएगी जांच, जल्‍द आ रही भारत- इजराइल की ऐसी COVID-19 Testing Kit

उन्होंने कहा, “इजरायल एक संप्रभु राष्ट्र है और उसे अपनी राजधानी तय करने का अधिकार है, लेकिन कई वर्षो से हम इसे मान्यता नहीं दे पा रहे थे.” उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका एक अंतिम शांति समझौता सुनिश्चित कराने के लिए बचनबद्ध है. इससे पहले गाजा पट्टी पर इजरायली सेना की गोलीबारी में 55 फिलिस्तीनी मारे गए, और 1,500 से अधिक घायल हो गए.

 35 हजार फिलिस्तीनी कर रहे हैं प्रदर्शन..
इजरायली सेना ने ट्विटर पर कहा कि गाजा-इजरायल सीमा पर 35 हजार फिलिस्तीनी प्रदर्शन कर रहे हैं. गाजा स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, मृतकों में एक 12 साल का तथा एक 14 साल का बच्चा शामिल है. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि कई फिलिस्तीनी सुरक्षा बाड़ पार करने में कामयाब रहे और हजारों लोग इजरायली क्षेत्र पार कर रहे हैं.

फिलिस्तीनियों ने प्रदर्शन करने की पहले बनाई थी योजना..
अमेरिकी दूतावास को तेल अवीव से जेरूसलम स्थानांतरित करने के खिलाफ फिलिस्तीनियों ने प्रदर्शन करने की योजना बनाई थी. इजरायली रक्षा बलों ने हालांकि पहले सूचना पत्रक वितरित किए थे और कहा था कि सुरक्षा बाड़े के पास इकठ्ठा न हो और हमास जीवन को खतरे में डालने के तमाशे में भाग नहीं ले. फिर भी कई फिलिस्तीनी नागरिक सुरक्षा बाड़े को पार करने में कामयाब रहे. सोमवार को इजरायल से लगी गाजा पट्टी की बाड़ पर मारे गए लोगों की संख्या इजरायली सेना और हमास के बीच 2014 से शुरू लड़ाई के बाद किसी एक दिन में मारे गए लोगों की सर्वाधिक संख्या है.

(इनपुट-एजेंसी)