ढाका: बांग्लादेश में फिर एक बार खुले विचार रखने और स्वतंत्र सोच जाहिर करने लिए एक लेखक की गोली मारकर हत्या कर दी गई. बांग्लादेश के मुंशीगंज जिले में एक लेखक की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी. ‘बीडीन्यूज24’ के अनुसार, बिशाखा प्रकाशिनी के मालिक शाहजहां बाचू को सोमवार को उनके पैतृक गांव ककाल्डी में दो मोटरसाइकल सवार चार हमलावरों ने गोली मार दी. शाहजहां की मौके पर ही मौत हो गई. Also Read - Edible oil export to India : भारत को खाद्य तेल का निर्यात कर सकता है बांग्लादेश

स्वतंत्र विचारों के लेखक के रूप में प्रसिद्ध शाहजहां बांग्लादेश की कम्युनिस्ट पार्टी के मुंशीगंज जिला इकाई के महासचिव रह चुके हैं. शाहजहां की बेटी दुरबा जहां ने फेसबुक पोस्ट में बताया कि उनके पिता को दो बार गोली मारी गई. इस हत्या के पीछे के कारणों का फिलहाल पता नहीं चल पाया है लेकिन आशंका जाहिर की जा रही है कि लेखक के खुले विचारों के कारण ही उन्हें निशाना बनाया गया है. Also Read - बांग्लादेश टीम में मौका मिलने पर आईपीएल से नाम वापस लेने के लिए तैयार हैं मुस्ताफिजुर रहमान

तस्लीमा नसरीन ने की निंदा
बांग्लादेशी मूल की लेखिका और फिलहाल भारत में रह रहीं लेखिका तस्लीमा नसरीन ने भी इस हमले की कड़ी निंदा की है. नसरीन ने ट्वीट करते हुए कहा, ”एक नास्तिक कवि शाहजहां बाचू को इस्लामिस्ट आतंकियों ने बांग्लादेश में मार दिया, उन्हें जान का खतरा था लेकिन फिर भी सरकार ने कोई सुरक्षा नहीं दी.” Also Read - भारत न‍िभा रहा पड़ोसी धर्म, Covid-19 Vaccine के 30 लाख डोज नेपाल और बांग्‍लादेश को रवाना क‍िए

पहले भी हुए थे हमले
इससे पहले भी बांग्लादेश में अमेरिकी ब्लॉगर अविजीत रॉय की 26 फरवरी, 2015 को उस समय हत्या कर दी गई थी जब वह अपनी पत्नी के साथ एक पुस्तक मेले से लौट रहे थे. इस हमले में उनकी पत्नी घायल हो गई थी. अविजीत को भी अपने खुले विचारों के चलते निशाना बनाया गया था.

(इनपुट: एजेंसी)