वाशिंगटन : कोरोना के नए वेरिएट Omicron को लेकर पूरी दुनिया डरी हुई है. हर कोई कोरोना के इस नए वेरिएंट से पार पाने का तरीका खोज रहा है. कई देशों ने अपनी सीमाएं सील कर दी हैं. भारत ने भी एट रिस्क देशों से आने वाले यात्रियों पर कई तरह के प्रतिबंध लगाए हैं और एयरपोर्ट पर RT-PCR टेस्ट किए जा रहे हैं. इसके बावजूद भारत में Omicron वेरिएंट के 21 मामले सामने आ चुके हैं. कई देशों ने इस नए खतरे के मद्देनजर Lockdown जैसी पाबंदियां लगा दी हैं, तो भारत के कई राज्यों ने भी ऐसी पाबंदियां लगाई हैं. अमेरिका में भी Omicron के मामले सामने आ चुके हैं. इधर अमेरिका के शीर्श चिकित्सा अधिकारी एंथनी फाउची का बयान राहत लेकर आया है. एंथनी फाउची का कहना है कि कोरोना का Omicron वेरिएंट भले ही देशभर में तेजी से फैल रहा है, लेकिन शुरुआती संकेतों के अनुसार यह संभवत: कोरोना के डेल्टा वेरिएंट जितना खतरनाक नहीं है. गौरतलब है कि डेल्टा वेरिएंट के कारण आज भी अमेरिका के अस्पतालों में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है.Also Read - दूसरी बार कोरोना पॉजिटिव हुए Chiranjeevi, बोले- जो मेरे टच में आए वो टेस्ट कराएं

अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन के मुख्य चिकित्सा सलाहकार डॉ एंथनी फाउची ने ‘सीएनएन’ के ‘स्टेट ऑफ द यूनियन’ कार्यक्रम पर रविवार को बताया कि ओमीक्रोन की गंभीरता के बारे में निष्कर्ष निकालने से पहले वैज्ञानिकों को और सूचना एकत्रित करने की आवश्यकता है. ओमीक्रोन वेरिएंट का पहला मामला दुनिया में सबसे पहले दक्षिण अफ्रीका में सामने आया था. दक्षिण अफ्रीका से प्राप्त खबरों में कहा गया है कि लोगों के अस्पताल में भर्ती होने की दर तेजी से नहीं बढ़ी है. Also Read - Omicron: त्वचा पर 21 घंटे तक जिंदा रहता है कोरोना का ओमीक्रोन वेरिएंट, हैंड हाइजीन सबसे जरूरी

फाउची ने कहा कि बाइडन प्रशासन कई अफ्रीकी देशों से यहां आने वाले अन्य देशों के नागरिकों के प्रवेश पर लगाए गए यात्रा प्रतिबंध हटाने पर विचार कर रहा है. क्षेत्र में ओमीक्रोन वेरिएंट के मामले सामने आने के बाद ये प्रतिबंध लागू किए गए थे, लेकिन संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने इस प्रकार के कदमों की निंदा की है. Also Read - Coronavirus in India:पिछले 24 घंटों में 2.85 लाख नए मामले, कल के मुकाबले 30 हजार ज्यादा नए केस

फाउची ने कहा, ‘‘उम्मीद है कि हम उचित समय में प्रतिबंध को हटा पाएंगे. केवल दक्षिण अफ्रीका ही नहीं, बल्कि अन्य अफ्रीकी देशों को जिस मुश्किल का सामना करना पड़ रहा है, हमें उसे लेकर बहुत बुरा महसूस करते हैं.’’

अमेरिका में ओमीक्रोन वेरिएंट के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं, लेकिन कोरोना वायरस के अधिकतर मामलों का कारण डेल्टा वेरिएंट है. देश में 99 प्रतिशत से अधिक मरीज डेल्टा से संक्रमित हैं. अमेरिका में कोविड-19 से अब तक 7,80,000 से अधिक अमेरिकियों की मौत हो चुकी है.

(इनपुट – पीटीआई)