बीजिंग: चीन ने रविवार को अमेरिका पर आरोप लगाया कि वह कोरोना वायरस के बारे में ‘झूठ’ फैलाकर द्विपक्षीय संबंधों को ‘नए शीत युद्ध’ की कगार पर ले जा रहा है. चीन ने कहा कि वह घातक वायरस की उत्पत्ति के स्रोत का पता लगाने के वैश्विक प्रयासों के साथ रहेगा. चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने रविवार को कहा कि कोविड-19 को लेकर चीन के खिलाफ कोई भी मुकदमा कानून या अंतरराष्ट्रीय दृष्टांत में तथ्यहीन आधार वाला होगा. Also Read - नहीं जाएगी रेलवे कर्मचारियों की नौकरी, लेकिन काम बदल सकता है: भारतीय रेल

उन्होंने कहा कि अमेरिका में चीन के खिलाफ कोविड-19 के लिए मुआवजे की मांग करने वाला मुकदमा काल्पनिक सबूतों के साथ एक पीड़ित को धमकी देने की कोशिश करने जैसा है. कोरोना वायरस के बारे में समय पर जानकारी देने में विफल रहने और वायरस की उत्पत्ति के स्थान को लेकर लगातार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और विदेश मंत्री माइक पोम्पियो चीन पर हमलावर हैं. ऐसे में वांग ने अपने वार्षिक संवाददाता सम्मेलन में चीन का पक्ष रखते हुए अमेरिका के खिलाफ जमकर निशाना साधा. Also Read - पीएम मोदी के बयान से 'विस्तारवादी' चीन को लगी मिर्ची, कहा- 'हमने 12 पड़ोसी देशों के साथ सीमा विवाद सुलझाया'

उन्होंने अमेरिकी नेताओं पर चीन को बदनाम करने के लिए ‘ राजनीतिक वायरस’ फैलाने का आरोप लगाया. विदेश मंत्री ने कहा कि चीन भी अन्य देशों की तरह वैश्विक महामारी का शिकार हुआ है और अन्य जरूरतमंद सरकारों की सहायता की है. वांग ने कहा, ‘‘तथ्यों से अनजान कुछ अमेरिकी नेताओं ने बहुत झूठ गढ़े हैं और कई सारी साजिशें रची हैं.’’ उन्होंने कहा, ‘‘इस तरह के मुकदमे अंतरराष्ट्रीय कानून की कसौटी पर खरे नहीं उतरेंगे और ये मानव विवेक से परे होंगे. यह असत्य, गैर-न्यायसंगत और गैरकानूनी है. ’’ Also Read - लद्दाखवासी कहते हैं चीन ने हमारी जमीन ली और प्रधानमंत्री कहते हैं नहीं, कोई तो झूठ बोल रहा है: राहुल

वांग ने कहा, ‘‘चीन के खिलाफ इस तरह के वाद जो लोग लाएंगे, वे दिन में ही सपने देख रहे हैं और खुद को अपमानित करेंगे.’’ उन्होंने कहा कि अमेरिका में कुछ राजनीतिक ताकतें चीन-अमेरिका के संबंधों में बाधा डाल रही हैं और दोनों देशों को एक नए शीत युद्ध के कगार पर लाना चाहती हैं.

(इनपुट भाषा)