भारत पुलवामा और मुंबई जैसे आतंकी हमलों का मास्टरमाइंड आतंकवादी मसूद अजहर पर शिकंजा कसने का कोई कसर नहीं छोड़ रहा. पिछले दिनों संयुक्त राष्ट्र में देश के इस दुश्मन को ग्लोबल आतंकवादी घोषित कराने की कोशिश विफल होने के बाद जर्मनी ने इस दिशा में एक अहम पहल की है. जर्मनी ने यूरोपीय संघ में मसूद अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित कराने के लिए संघ के अन्य देशों के साथ संपर्क साधा है. अगर जर्मनी ऐसा कराने में सफल हो जाता है तो यूरोपीय यूनियन के 28 देशों में मसूद अजहर और उसके संगठन की संपत्तियां जब्त हो जाएंगी.

गौरतलब है कि संघ के एक अहम देश फ्रांस ने पहले की घोषणा कर दी है कि वह अपने यहां मसूद अजहर की संपत्तियां जब्त करेगा. इससे पहले संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में चीन के वीटो के कारण मसूद को वैश्विक आतंकी घोषित करने का प्रस्ताव पारित नहीं हो सका था. रिपोर्ट्स के मुताबिक जर्मनी ने मसूद को ईयू में इस बारे में एक प्रस्ताव रखा है. यह प्रस्ताव संघ के सभी 28 देशों के समर्थन से ही पास हो पाएगा.

ईयू में इस तरह के मसले पर वोटिंग की जगह आम सहमति से फैसला लिया जाता है. फ्रांस ने 15 मार्च को मसूद और उसके आतंकी संगठन जैश ए मोहम्मद पर प्रतिबंध लगाया था. इसके साथ ही फ्रांस ने यह भी कहा था कि ईयू के अन्य देशों में मसूद को प्रतिबंधित कराने के लिए वह उनके साथ मिलकर काम करेगा.

इससे पहले पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर हुए आतंकी हमले के बाद फ्रांस ने ही संयुक्त राष्ट्र में मसूद अजहर को प्रतिबंधित करने का प्रस्ताव लाया था. लेकिन इस प्रस्ताव पर चीन ने वीटो कर दिया. सुरक्षा परिषद से स्थाई और अस्थाई सभी 15 सदस्यों में से 14 ने इसका समर्थन किया था.