वॉशिंगटन: अमेरिका ने आर्थिक संकट में फंसे पाकिस्तान को वित्तीय राहत पैकेज देने का करार करने अंतराष्ट्रीय मुद्राकोष (आईएमएफ) से ‘कड़ी प्रतिक्रिया’ जताई है और कहा है कि उसे वित्तीय मदद ‘शर्त लगा कर’ दी जानी चाहिए. अमेरिका के विदेश विभाग के एक शीर्ष अधिकारी ने यह जानकारी दी.

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अमेरिकी सरकार को चिंता है कि पाकिस्तान आईएमएफ की वित्तीय मदद का उपयोग चीन से लिए कर्ज को चुकाने में कर सकता है. पाकिस्तान ने पिछले महीने 6 अरब डॉलर के राहत पैकेज के लिए आईएमएफ के साथ एक समझौता किया है. इस राशि का उपयोग पाकिस्तान अपने वित्तीय संकट को दूर करने और धीमी पड़ती अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में करेगा. अमेरिकी के विदेश विभाग की वरिष्ठ अधिकारी (दक्षिण एवं मध्य एशिया मामलों) एलिस जी वेल्स ने कहा कि सशर्त पैकेज को लेकर चर्चा है. हमें लगता है कि पाकिस्तान के लिए सशर्त आईएमएफ पैकेज उपयुक्त होगा.

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सांसदों के प्रश्न के जवाब में पिछले हफ्ते उन्होंने विदेश मामलों की उपसमिति को बताया कि अमेरिका को आईएमएफ पैकेज के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं है , लेकिन आईएमएफ और पाकिस्तान सरकार में एक समझौता बना हुआ है. उन्होंने कहा कि हमने राहत पैकेज के मुद्दे पर अपनी कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है और विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने भी सार्वजनिक रूप से कहा कि किसी भी राहत पैकेज में संरचनात्मक सुधार होना जरूरी है.