वॉशिंगटन: अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने शुक्रवार को कहा कि चीन के महत्वाकांक्षी ‘बेल्ट एंड रोड’ परियोजना से दूसरे देशों के लिए ऋण का बोझ नहीं संभाल पाने का जोखिम बढ़ सकता है. हालांकि, आईएमएफ ने उम्मीद जताई है कि इससे स्थानीय तालमेल को भी बढ़ावा मिलेगा. आईएमएफ के प्रवक्ता गैरी राइस ने संवाददाता सम्मेलन में परियोजना के बारे में कहा कि इसमें संभावनाओं के साथ ही आशंकाएं भी अंतर्निहित हैं. Also Read - जल्द छोड़ा जाएगा हिरासत में लिया गया चीनी सैनिक, भारतीय सेना ने दिए गर्म कपड़े और खाना

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उन्होंने कहा, ‘‘बेल्ट एंड रोड परियोजना काफी महत्वपूर्ण पहल है और इससे व्यापार, निवेश और वित्तपोषण समेत अन्य क्षेत्रों में क्षेत्रीय भागीदारी को बढ़ावा मिल सकता है. यह आधारभूत संरचना, देशों के आपसी संपर्क आदि में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है जिससे व्यापार एवं वृद्धि को बढ़ावा मिलेगा.’’ Also Read - ट्विटर ने जम्मू-कश्मीर को बताया चीन का हिस्सा, भड़के लोगों ने रविशंकर प्रसाद से की कार्रवाई की मांग

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उन्होंने आगे कहा कि इस तरह की अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाओं की तरह इसमें भी जोखिम बढ़ सकते हैं. इन जोखिमों में अन्य देशों के लिए ऋण का भार संभाले जाने की क्षमता से अधिक हो जाना शामिल है. इसके अलावा चीन के लिए भी ऋण जोखिम समेत अन्य जोखिम पैदा हो सकते हैं.

राइस ने एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘संतुलन कायम करना महत्वपूर्ण है. निश्चित ही हमें संभावनाओं के साथ आशंकाएं भी दिख रही हैं.’’ उन्होंने कहा, ये सब इस बात पर निर्भर करता है कि अन्य देशों के लिए ऋण का भार संभाले जाने से अधिक हो जाने का खतरा टालने के लिए परियोजना का क्रियान्वयन किस तरह से किया जाता है और निजी क्षेत्र की कैसी भागीदारी होती है. राइस ने कहा, ‘‘इससे जोखिम कम होंगे और लाभ बढ़ेंगे.’’

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उल्लेखनीय है कि आईएमएफ की प्रबंध निदेशक क्रिस्टिन लगार्ड अगले महीने की शुरुआत में चीन का दौरा करने वाली हैं. वह बेल्ट एंड रोड परियोजना पर पीपुल्स बैंक ऑफ चाइना तथा आईएमएफ के संयुक्त सम्मेलन में भाग लेंगी.