भारत-पाकिस्तान के विदेश सचिव आज मिलेंगे। इस दौरान पठानकोट आतंकी हमले सहित दोनों पक्षों को प्रभावित कर रहे विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की जाएगी. माना जा रहा है कि पाकिस्तान नई दिल्ली में होने वाली दोनों देशों के विदेश सचिवों के बीच अहम बैठक में भारत से स्थगित शांति वार्ता को बहाल करने के लिए कह सकता है। Also Read - भारत-पाक के विदेश मंत्रियों की प्रस्तावित बैठक का अमेरिका ने किया स्वागत, कहा- शानदार कदम

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इससे पहले पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने बताया कि विदेश सचिव एजाज अहमद चौधरी ‘हार्ट ऑफ एशिया’ क्षेत्रीय सम्मेलन में भाग लेने के लिए आज नई दिल्ली आएंगे। इस्लामाबाद में इसकी घोषणा की गई है। बैठक से अलग चौधरी अपने भारतीय समकक्ष एस जयशंकर के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। बैठक में द्विपक्षीय संबंधों और ठप पड़ी समग्र वार्ता (सीबीडी) की समीक्षा की जाएगी। यह भी पढ़े-डोल्कुन ईसा से क्यों डरता है चीन, आखिर क्यों ड्रैगन के विरोध के आगे झुक गया भारत? Also Read - पाकिस्तान से लौटी गीता की शादी की तैयारियां जोरों पर, 10 दिन में आए 20 रिश्ते

वैसे पाकिस्तानी सूत्रों ने बताया कि पठानकोट आतंकवादी हमले और पाकिस्तान में एक कथित भारतीय जासूस की गिरफ्तारी के साये में हो रही इस भेटवार्ता में किसी बड़ी उपलब्धि की संभावना नहीं है। पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल अन्य देशों के साथ द्विपक्षीय बैठक भी करेगा। वैसे उसने चौधरी की जयशंकर के साथ बैठक का कोई उल्लेख नहीं किया।

जानकारी के मुताबिक बातचीत में मुख्य फोकस पठानकोट आतंकी हमले की जांच और इस संबंध में एनआईए की टीम के संभावित पाकिस्तान दौरे पर रहेगा. बीते साल दिसंबर में दोनों देशों के विदेश मंत्रियों के इस्लामाबाद मेंसीबीडी की घोषणा करने के बाद से जयशंकर और चौधरी के बीच यह पहली औपचारिक बैठक होगी। दोनों सचिवों ने इस साल मार्च में नेपाल में दक्षेस की एक बैठक के दौरान थोड़ी देर के लिए अनौपचारिक रूप से बातचीत की थी। यह भी पढ़े-पाकिस्तान के साथ संवाद प्रक्रिया को नहीं किया जाएगा रद्द:भारत

-भारत कर रहा है हार्ट ऑफ एशिया की मेजबानी।

हार्ट ऑफ एशिया सम्मेलन में अमेरिका, चीन, रूस, अफगानिस्तान, ईरान, पाकिस्तान सहित कई देशों के सचिव स्तर के अधिकारी शामिल होंगे। इस साल हार्ट ऑफ एशिया सम्मेलन की मेजबानी भारत कर रहा है। इसमें 14 देशों के अलावा 16 सहायक देश और 12 अंतरराष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय संगठन हिस्सा ले रहे हैं।

गौरतलब है कि पाकिस्तान ने 9 दिसंबर 2015 को इस्लामबाद में पांचवें हार्ट ऑफ एशिया मंत्रिस्तरीय सम्मेलन की मेजबानी की थी। उस सम्मेलन में ‘सुरक्षा खतरों से निपटने एवं क्षेत्रीय संपर्क बढ़ाने के लिए सहयोग बढ़ाने पर जोर’ शीर्षक से इस्लामाबाद घोषणा पत्र को पारित किया गया था।