सिंगापुरः ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले भारतीय मूल के 34 वर्षीय एक व्यक्ति को एक विमान में चालक दल की सदस्य से छेड़खानी करने के आरोप में तीन सप्ताह के कारावास की सजा सुनाई गई है. यह घटना सिंगापुर आने वाली एक उड़ान के दौरान हुई. परांजपे निरंजन जयंत नामक व्यक्ति ने अगस्त में 25 वर्षीय फ्लाइट अटेंडेंट से छेड़खानी करने का अपराध कबूल कर लिया. सिडनी से सिंगापुर के लिये 8 घंटे की उड़ान के दौरान जयंत ने फ्लाइट अटेंडेंट का फोन नंबर मांगने के लिये कई बार संपर्क किया, लेकिन उसने अनदेखी की. Also Read - विश्वविद्यालय का दावा- भारत में 21 मई तक खत्म हो जाएगा कोरोना वायरस

‘द स्ट्रेट्स टाइम्स’ की खबर के अनुसार स्कूट एयरलायंस के विमान में बिजनेस क्लास में सफर कर रहे यात्री ने अटेंडेंट के नितंब पर हाथ फेरा. रिपोर्ट में उप लोक अभियोजक जेम्स च्यू के हवाले से बताया गया है कि अटेंडेंट उससे दूर चली गई और उसने अपनी सीट पर वापस लौटने के दौरान उससे कहा कि वह बहुत खूबसूरत है. लैंडिंग से तकरीबन एक घंटे पहले जयंत ने महिला से फिर से संपर्क किया और उसके साथ फिर से छेड़खानी की. Also Read - पीएम मोदी ने की सिंगापुर के प्रधानमंत्री से बात, बोले- कोरोना से जंग में हर संभव मदद करेगा भारत

महिला ने तत्काल अपने सुपरवाइजर को जानकारी दी. उसने बाद में चांगी हवाई अड्डा टर्मिनल दो पुलिस चौकी में शिकायत दर्ज कराई. जयंत का किसी वकील ने प्रतिनिधित्व नहीं किया. उसने जिला न्यायाधीश लिम त्से हॉव से कहा कि उसने जब अपराध किया तब वह नशे में था. उसने कहा कि उसे अपने कृत्य पर पछतावा है और उसने सजा सुनाए जाने में नरमी बरते जाने की गुहार लगाई. छेड़खानी के हर अपराध के लिये उसे दो साल तक के कारावास और जुर्माना या बेंत से पिटाई की सजा हो सकती थी. Also Read - क्‍या है कोरोना वायरस से निपटने का सिंगापुर मॉडल, दुनियाभर में हो रही तारीफ

(इनपुट भाषा)