न्यूयॉर्क। दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी खाद्य और पेय पदार्थ बनाने वाली कंपनी पेप्सीको की सीईओ रहीं इंद्रा नूई ने राजनीति में शामिल होने की संभावना से इनकार किया है. उन्होंने कहा है कि वह पेप्सीको में लंबी पारी के बाद अब अपने परिवार पर ध्यान देगी. पेप्सीको ने कल घोषणा की थी कि निदेशक मंडल ने आम सहमति से 54 साल के रामोन लैगुएर्ता को मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) चुना है जो भारतीय मूल की नूई का स्थान लेंगे. इंद्र नूई 24 साल से इस कंपनी में थी और इनमें से 12 साल वह सीईओ पद पर रहीं. Also Read - घर बैठे ऑर्डर करें लेज-कुरकुरे, एक घंटे में हो जाएगी डिलिवरी

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3 अक्तूबर को छोड़ेंगी पेप्सीको सीईओ पद Also Read - फोर्ब्स लिस्‍ट: दुनिया की सम्मानित फर्मों की सूची में 17 भारतीय कंपनियां शामिल

62 साल की नूई 24 साल कंपनी में काम करने के बाद तीन अक्तूबर को पद से हटेंगी. वह 2019 की शुरुआत तक बतौर चेयरमैन कंपनी से जुड़ी रहेंगी. फोर्ब्स पत्रिका से बातचीत में नूई ने कहा कि उन्हें अभी नहीं पता कि वह आगे क्या करना चाहती हैं लेकिन वह अब नौकरी नहीं करेंगी.

12 साल पेप्सीको की CEO रहने के बाद पद से हटेंगी इंद्रा नूई

चेन्नई में जन्मीं पेप्सीको की प्रमुख ने यह भी कहा कि मैं राजनीति में अच्छी नहीं हूं. मैं केवल एक अच्छी कार्यकर्ता हूं. साल 2016 में अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के बाद नूई ने कहा था कि डेमोक्रेटिक पार्टी की हिलेरी क्लिंटन का रिपब्लिकन डोनाल्ड ट्रंप से हारना उनकी बेटियों और पेप्सीको के कर्मचारियों के लिए नुकसानदायक है और कंपनी के कर्मचारियों खासकर अश्वेत कर्मचारियों के लिए उनकी अमेरिका में सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता है.

परिवार पर रहेगा ध्यान

उन्होंने कहा कि पेप्सीको से जाने के बाद उनका पूरा ध्यान अपने परिवार पर होगा. उन्होंने कहा, जब आप खासकर इतनी बड़ी कंपनी की सीईओ होती हैं, तब एकमात्र प्राथमिकता होती और वह प्राथमिकता सीईओ होने को लेकर होती है. पिछले 24 साल में पेप्सीको परिवार हमेशा पहले रहा.

इंद्रा नूई ने कहा कि अब प्राथमिकता बदलने का समय है और मेरी प्राथमिकता परिवार होगा. उन्होंने 1980 में एमसॉफ्ट सिस्टम के अध्यक्ष राज नूई से विवाह किया था. उनके दो बेटियां हैं.

(भाषा इनपुट)