ईरान ने ट्रंप को दिया नई डील का प्रस्ताव, 10 प्वाइंट वाली मांग के 'कचरे' में जाने के बाद इन 3 बिंदुओं पर सिमटा तेहरान
Iran New Deal: ईरान ने अमेरिका को युद्ध खत्म करने और का एक नया प्रस्ताव दिया है, लेकिन तेहरान के परमाणु कार्यक्रम पर बातचीत को बाद के चरण के लिए टालने की बात कही है.
(photo credit AI, for representation only)
Iran New Deal: ईरान ने अमेरिका को युद्ध खत्म करने के लिए नई डील का प्रस्ताव दिया है. इसमें एक शर्त के साथ स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने की भी बात है. यह नया प्रस्ताव मध्यस्थ के तौर पर पाकिस्तान के जरिए वॉशिंगटन को सौंपा गया है.
होर्मुज पर फोकस
Axios की रिपोर्ट के अनुसार, इस प्रस्ताव का मुख्य मकसद होर्मुज जलमार्ग और अमेरिका की नौसैनिक नाकेबंदी को लेकर पैदा हुए संकट को हल करना है. एक अमेरिकी अधिकारी और दो अन्य सूत्रों के हवाले से रिपोर्ट में बताया गया है कि होर्मुज के अलावा युद्ध को खत्म करने और परमाणु वार्ता को कुछ समय के लिए टालने की बात कही गई है.
नई डील की बड़ी बातें
- इस नई डील के तहत, युद्धविराम की अवधि को और बढ़ाया जाएगा
- दोनों ही पक्ष हमेशा के लिए सैन्य कार्रवाई रोकने पर सहमत होंगे
- परमाणु वार्ता बाद के चरण में ही शुरू होगी
- परमाणु वार्ता तब होगी जब होर्मुज से यूएस की नाकेबंदी हटेगी
अमेरिका क्या करेगा
खबरों के मुताबिक, व्हाइट हाउस को यह प्रस्ताव मिल चुका है. अभी यह स्पष्ट नहीं है कि ट्रंप प्रशासन इस नई डील पर विचार करेगा या नहीं. व्हाइट हाउस की प्रवक्ता ओलिविया वेल्स ने कहा कि अमेरिका इस तरह के "संवेदनशील कूटनीतिक" मुद्दों पर मीडिया के जरिए बातचीत नहीं करेगा. वेल्स ने आगे कहा, जैसा कि राष्ट्रपति ने कहा है, अमेरिका के हाथ में ही सारे पत्ते हैं और वह सिर्फ ऐसी ही कोई डील करेगा जिसमें अमेरिकी लोगों का हित सबसे पहले हो, और वह ईरान को कभी भी परमाणु हथियार रखने की इजाजत नहीं देगा.
ईरान के पुराने प्रस्ताव का क्या हुआ
अमेरिका-ईरान के युद्ध विराम के समय तेहरान ने 10 बिंदुओं वाला एक प्रस्ताव दिया था, जिसमें खाड़ी से अमेरिका के सैन्य अड्डों को हटाने, यूरेनियम संवर्धन के अधिकार, भविष्य में हमला न करने की गारंटी और युद्ध में हुए नुकसान के लिए मुआवजे की मांग जैसी बातें थीं. व्हाइट हाउस की प्रवक्ता कैरोलिन लेविट ने बाद में कहा था कि ईरान की मांगें कचरे के डिब्बे में फेंक दी गई थीं.
अमेरिका-ईरान बातचीत रुकी
यह नया प्रस्ताव ट्रंप की ओर से शांति वार्ता के एक नए दौर के लिए अपने दूत का पाकिस्तान दौरा रद्द करने के कुछ ही दिनों बाद आया है. उन्होंने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के पाकिस्तान से चले जाने के बाद विशेष दूत स्टीव विटकॉफ़ और जेरेड कुशनर का इस्लामाबाद दौरा रद्द कर दिया था.
ट्रंप ने कहा, मौजूदा हालात में उन्हें 18 घंटे की उड़ान पर भेजने का मुझे कोई मतलब नहीं दिखता. यह बहुत लंबा सफर है. यात्रा में बहुत ज्यादा समय बर्बाद होता है. ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान अब फोन पर बातचीत कर सकता है.
ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें. India.Com पर विस्तार से पढ़ें मनोरंजन की और अन्य ताजा-तरीन खबरें