तेहरान: ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खमनेई ने कहा कि इस्लामिक गणराज्य द्वारा बुधवार को इराक में अमेरिकी सेना के ठिकानों पर मिसाइलें दागे जाने से अमेरिका के चेहरे पर तमाचा लगा है. खमनेई ने सरकारी टेलीविजन पर प्रसारित एक भाषण में कहा, ”कल रात, चेहरे पर एक तमाचा लगा”.

बता दें कि मंगलवार रात ईरान ने इराक स्थित ऐसे कम से कम दो सैन्य अड्डों पर एक दर्जन से अधिक बैलिस्टिक मिसाइल दागी, जहां अमेरिकी सेना और उसके सहयोगी बल ठहरे हुए हैं. ईरान के सरकारी टेलीविजन के मुताबिक बगदाद में अमेरिकी हवाई हमले में ईरान के सैन्य कमांडर कासिम सुलेमानी के मारे जाने के बाद यह कार्रवाई की गई है. सुलेमानी पर हमले का आदेश शुक्रवार को अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दिया था.

अमेरिकी हमले के बाद खमनेई ने संकल्प लिया था कि उस यूएस ड्रोन हमले का बदला लिया जाएगा, जिसमें ईरानी सैन्य कमांडर कासिम सुलेमानी की मौत हो गई थी. ईरान ने देर रात इराक में अमेरिकी सेना के ठिकानों पर कई मिसाइलें दागीं. वॉशिंगटन और तेहरान के अधिकारियों ने यह जानकारी दी.

सर्वोच्च नेता ने कहा कि सुलेमानी की मौत के बाद महत्वपूर्ण मुद्दा यह है कि अब हमारा कर्तव्य क्या है? उन्होंने कहा, एक महत्वपूर्ण घटना हुई है. बदला लेने का सवाल एक अलग मुद्दा है.

ईरानी नेता ने कहा, इस रूप में सैन्य कार्रवाई उस मुद्दे के लिए पर्याप्त नहीं है. महत्वपूर्ण बात यह है कि इस क्षेत्र में अमेरिका की भ्रष्ट उपस्थिति समाप्त होनी चाहिए.

बता दें कि मंगलवार रात ईरान ने इराक स्थित ऐसे कम से कम दो सैन्य अड्डों पर एक दर्जन से अधिक बैलिस्टिक मिसाइल दागी, जहां अमेरिकी सेना और उसके सहयोगी बल ठहरे हुए हैं. ईरान के सरकारी टेलीविजन के मुताबिक बगदाद में अमेरिकी हवाई हमले में ईरान के सैन्य कमांडर कासिम सुलेमानी के मारे जाने के बाद यह कार्रवाई की गई है. सुलेमानी पर हमले का आदेश शुक्रवार को अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दिया था.