लंदन/इस्लामाबाद। लंदन में हुए आतंकी हमले के तार पाकिस्तान से जुड़ते नजर आ रहे हैं. हमले में शामिल पाकिस्तानी मूल के एक आतंकवादी के रिश्तेदार ठिकानों पर सुरक्षा एजेंसियों ने मंगलवार को छापेमारी की.Also Read - ईशनिंदा के नाम पर पाकिस्तान में भीड़ ने श्रीलंकाई नागरिक को पीट-पीट मारा और फिर सरेआम जिंदा जलाया

बीते शनिवार को लंदन ब्रिज और बोरो मार्केट में हुए दोहरे आतंकी हमले में सात लोग मारे गए थे और दर्जनों बुरी तरह से घायल हो गए थे. इन्हें तीन आतंकियों ने अंजाम दिया था और तीनों बाद में पुलिस की कार्रवाई में मारे गए थे. Also Read - पाकिस्तान ने भारत को मानवीय मदद अफगानिस्तान पहुंचाने की इजाजत दी, गेहूं और दवा भेजी जाएगी

ब्रिटिश पुलिस ने सोमवार को दो हमलावरों की पहचान की थी जिनमें से एक पाकिस्तानी मूल का 27 साल का खुर्रम बट और दूसरा मोरक्को-लीबियाई नागरिक राशिद रदाउन था. Also Read - ICC Test Championship Points Table: श्रीलंका ने जमाया शीर्ष पर कब्जा, तीसरे पायदान पर टीम इंडिया

अधिकारियों एवं मीडिया की खबरों के अनुसार मंगलवार सुबह पाकिस्तान में सादे कपड़ों में दर्जनों अधिकारियों ने पंजाब प्रांत के झेलम इलाके में ग्रैंड ट्रंक रोड पर स्थित एक होटल में तलाशी ली. होटल बट के एक रिश्तेदार का है.

द टेलीग्राफ की खबर के मुताबिक ये अधिकारी पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई के थे. उन्हें एक परिसर के बाहर देखा गया जो इलाके के एक प्रसिद्ध कारोबारी नासिर बट का बताया जा रहा है.

घटनास्थल पर मौजूद एक अधिकारी के अनुसार ब्रिटिश अधिकारियों ने कहा कि उन्हें संदेह है कि बट के अंदर पाकिस्तान में नहीं बल्कि ब्रिटेन में चरमपंथ का जहर भरा गया, लेकिन कहा कि वे एहतियातन उपाय के तौर पर परिजनों के घरों की तलाशी ले रहे हैं.

एक अधिकारी ने बताया कि वे बट के रिश्तेदारों के घरों की तलाशी ले रहे हैं और परिवार के लोगों द्वारा किए गए सभी फोन कॉल का पता लगा रहे हैं. किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है लेकिन पुलिस अधिकारियों, आतंकवाद रोधी विभाग एवं खुफिया एजेंसियों ने परिसर की गहन तलाशी ली है.

जानकारी के मुताबिक बट का जन्म झेलम इलाके में हुआ था और उसके पिता सैफ की यहां फर्नीचर की एक दुकान हुआ करती थी. बाद में सैफ 1988 में अपने परिवार के साथ ब्रिटेन चले गए थे.

इसी बीच ब्रिटिश पुलिस ने मैनचेस्टर में हुए हमले में शामिल आत्मघाती हमलावर सलमान आबेदी के भाई इस्माइल आबेदी को रिहा कर दिया. उसे हमले के एक दिन बाद 23 मई को गिरफ्तार किया गया था. गौरतलब है कि मैनचेस्टर एरिना में हुए हमले में सात बच्चों सहित 22 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई थी.