नई दिल्लीः विवादित इस्लामी प्रचारक जाकिर नाइक ने हाल ही में मलेशिया से मालदीव जाने का प्रयास किया, लेकिन मालदीव ने उसे इसकी अनुमति नहीं दी. मालदीव की संसद के स्पीकर मोहम्मद नशीद ने शुक्रवार को ये बात कही. भारत आए मालदीव के संसदीय शिष्टमंडल का नेतृत्व कर रहे पूर्व राष्ट्रपति नशीद ने कहा, ” वह (जाकिर नाइक) मालदीव आने की कोशिश कर रहा था, लेकिन हमने उसे आने की इजाजत नहीं दी.”

नशीद से जब यह पूछा गया कि क्या मालदीव और मलेशिया के बीच नाइक के प्रत्यर्पण के लिये कोई बातचीत चल रही हो तो उन्होंने कहा, “हाल ही में उसे मालदीव आने की इजाजत नहीं दी गई, लिहाजा (मलेशिया और मालदीव के बीच) बातचीत हो रही है.” नाइक (53), 2016 में भारत छोड़ मलेशिया भाग गया था, तब से भारत उसके प्रत्यर्पण की मांग कर रहा है.

राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने जाकिर के खिलाफ गैर-कानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम के तहत प्राथिमिकी दर्ज कराई थी, जिसके आधार पर प्रवर्तन निदेशालय ने 2016 में उसके खिलाफ मामला दर्ज किया था. प्रवर्तन निदेशालय का कहना है कि नाइक और उसके ट्रस्टों ने अज्ञात लोगों और “शुभचिंतकों” से करोड़ों रुपये हासिल किये हैं.

विवादास्पद पीस टीवी के संस्थापक 53 वर्षीय नाइक का जन्म मुंबई में हुआ था. यहां से भागने के बाद वह 2017 से मलेशिया (Malaysia) में रह रहा है और वहां की पिछली सरकार ने उसे स्थायी निवासी भी बनाया हुआ है. वर्तमान मलेशियाई सरकार ने अब तक उसे भारत वापस भेजने का फैसला नहीं किया है, लेकिन उसे अपने सार्वजनिक भाषण देने से रोक दिया है.