वॉशिंगटन: रूस की बंदूक अधिकार कार्यकर्ता ने गुरुवार को यह स्वीकार किया कि वह क्रेमलिन के लिए एक सीक्रेट एजेंट थी और उसने ट्रंप के सत्ता में आने के बाद अमेरिका के रूढ़िवादी राजनीतिक समूहों में पैठ बनाने की कोशिश की थी. मारिया बुटिना (30) ने संघीय अभियोजकों के साथ एक समझौते के तहत साजिश के आरोपों को स्वीकार किया.
इस मामले ने अमेरिका में अभियानों में रूस के प्रभाव की एक झलक दिखाई है, वह भी ऐसे वक्त जब अमेरिकी गुप्तचर समुदाय को यह पक्का विश्वास है कि रूस ट्रंप का चयन करवाना चाह रहा था और इसके लिए उसने डेमोक्रेट सदस्यों के चुराए ईमेल जारी किए थे.

इस मामले ने यह भी साफ कर दिया कि रूस ने अमेरिका के सबसे संवेदनशील सामाजिक मुद्दों में से एक बंदूक नियंत्रण का फायदा राजनीतिक गलियारों में पैठ बनाने के लिए किया. विशेष अधिवक्ता रॉबर्ट मूलर वर्ष 2016 में हुए अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में रूसी दखल की जांच कर रहे हैं, लेकिन यह उस मामले से अलग है.
अभियोजकों ने कहा कि इसकी पूरी-पूरी संभावना है कि बुटिना की सजा पूरी होने के बाद उसे उसके देश वापस भेज दिया जाए. उसे अधिकतम पांच वर्ष कारावास की सजा हो सकती है. वह जुलाई में गिरफ्तार होने के बाद से जेल में है.
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