न्यूयॉर्क: गूगल की वीडियो प्लेटफॉर्म कंपनी यूट्यूब भ्रामक सूचनाओं पर शिकंजा कसने और समाचार संगठनों की मदद के लिए खबर की सच्चाई परखने के वास्ते कई कदम उठा रही है. इसके अलावा कंपनी इन चुनौतियों से मुकाबला करने के लिए 2.5 करोड़ डॉलर का निवेश भी करेगी. यूट्यूब ने यह जानकारी दी. कंपनी ने कहा कि वह समाचार स्त्रोतों को और अधिक ‘विश्वसनीय’ बनाएगी. खासतौर से ब्रेकिंग न्यूज के मामले में एहतियात बरतेगी जहां गलत सूचनाएं आसानी से फैल सकती है.Also Read - Texas में लोगों को बंधक बनाने वाला आतंकी हुआ ढेर, पाकिस्तानी वैज्ञानिक को रिहा करने की कर रहा था मांग

इसी क्रम में यूट्यूब वीडियो सर्च के परिणाम में वीडियो और उससे जुड़ी खबर का एक छोटा सा विवरण उपयोगकर्ताओं को दिखाना शुरू करेगा. इसी के साथ चेतावनी भी देगा कि ये खबरें बदल सकती हैं. इसका उद्देश्य फर्जी वीडियो पर रोक लगाना है जो कि गोलीबारी, प्राकृतिक आपदा और अन्य प्रमुख घटनाओं के मामले में तेजी से फैल सकती है. Also Read - Four people hostage in Texas: अमेरिका के टेक्सास में चार लोगों को बनाया बंधक, पाकिस्तान के वैज्ञानिक को रिहा करने की मांग

यू-ट्यूब ने कहा कि वह अपने प्लेटफॉर्म पर खबरों में सुधार और भ्रामक सूचनाएं जैसी ‘गंभीर चुनौतियों’ से निपटने के लिए अगले कुछ वर्षों में 2.5 करोड़ डॉलर का निवेश करेगी. इसमें दुनिया भर के समाचार संगठनों में ‘टिकाऊ एवं बेहतर वीडियो परिचालन’ स्थापित करने के लिए कर्मचारी प्रशिक्षण और वीडियो प्रोडेक्शन सुविधा में सुधार जैसे चीजें शामिल हैं. इसके अलावा कंपनी विकिपीडिया और इनसाइक्लोपीडिया ब्रिटैनिका जैसे सामान्य विश्वसनीय सूत्रों के साथ विवादित वीडियो से निपटने के तरीकों का भी परीक्षण कर रही है. Also Read - Cryptocurrency: शीर्ष अमेरिकी निकाय ने चेताया- क्रिप्टो घोटाला अब निवेशकों के लिए सबसे बड़ा खतरा