नई दिल्लीः पाकिस्तान में अपने छात्रावास के कमरे में मृत मिली छात्रा नम्रता की न्यायिक जांच शुरू हो गई है. पाकिस्तान के सिंध प्रांत में लरकाना स्थित विश्वविद्यालय की छात्रा नम्रता कुमारी की संदिग्ध हालात में हुई मौत हो गई थी. एक रिपोर्ट के अनुसार, शहीद मोहतरमा बेनजीर मेडिकल कॉलेज व विश्वविद्यालय के बीबी आसिफा डेंटल कॉलेज की अंतिम वर्ष की छात्रा नम्रता की मौत की जांच के सिलसिले में न्यायिक आयोग ने उसके कुछ सहपाठियों, हॉस्टल के वार्डन, विश्वविद्यालय के कुछ और कर्मचारियों को तलब किया है. आपको बता दें कि इससे पहले खबर आई थी कि पाकिस्तानी जज ने इस मामले की जांच कराने से इनकार कर दिया था.

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इनके अलावा नम्रता के पिता और भाई डॉक्टर विशाल को भी पेश होने के लिए नोटिस भेजा गया है. यह न्यायिक जांच सिंध सरकार के आग्रह पर सिंध हाईकोर्ट के आदेश पर हो रही है. नम्रता का शव 16 सितम्बर को उसके हॉस्टल के कमरे में मिला था. विश्वविद्यालय प्रशासन ने शुरुआत में कहा कि मामला खुदकुशी का लग रहा है. प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी यही संकेत दिया गया. लेकिन, नम्रता के भाई डॉक्टर विशाल ने कहा कि एक चिकित्सक के हैसियत से भी वह यह कह सकते हैं कि मामला आत्महत्या नहीं बल्कि हत्या का है.

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पुलिस ने इस सिलसिले में नम्रता के दो सहपाठियों को हिरासत में लिया है. इनमें से एक महरान अबरो की नम्रता से विशेष घनिष्ठता थी. जांच एजेंसियों का कहना है कि पूछताछ में महरान ने बताया कि नम्रता उससे उससे प्यार करती थी और शादी करना चाहती थी लेकिन वह इसके लिए तैयार नहीं था. इस वजह से नम्रता बीते कुछ दिनों में काफी परेशान भी रहने लगी थी. दूसरी तरफ डेंटल कॉलेज के एक प्रोफेसर ने भी दावा किया है कि चांदनी अपनी निजी जिन्दगी में किसी बात को लेकर परेशान थी और उनसे कई बार बात भी की थी.