लंदन: शोधकर्ताओं ने पृथ्वी पर एक ऐसा जलीय वातावरण खोज निकाला है जहां जीवन की संभावना शून्य है. इस खोज का उद्देश्य जीवन की संभावनाओं को कम करने वाले घटकों के बारे में अग्रिम जानकारी प्राप्त करना है.

‘नेचर इकोलॉजी एंड इवोल्यूशन’ नामक पत्रिका में प्रकाशित इस अध्ययन से पता चला है कि इथियोपिया के डॉलोल भू-तापीय क्षेत्र के गर्म, खारे, अतिअम्लीय तालाबों में जीवन पूरी तरह से असंभव है. इन तालाबों में किसी भी प्रकार के सूक्ष्म जीव भी उपस्थित नहीं थे. ‘स्पेनिश फाउंडेशन फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी’(एफईसीवाईटी) के अनुसंधानकर्ताओं ने बताया कि डॉलोल क्षेत्र नमक से भरे ज्वालामुखी के मुख यानि क्रेटर पर स्थित है. जलतापीय गतिविधियों के कारण इस क्रेटर से लगातार उबलता पानी और जहरीली गैसें निकलती रहती हैं.

उन्होंने बताया कि सर्दियों में भी इस स्थान का तापमान 45 डिग्री सेल्सियस से अधिक होता है और यह पृथ्वी पर स्थित सबसे गर्म वातावरण वाले क्षेत्रों में से एक है. अनुसंधानकर्ताओं के अनुसार इस क्षेत्र में अत्याधिक खारे और अतिअम्लीय तालाब पाये जाते हैं. शून्य (अतिअम्लीय) से लेकर 14 (अत्याधिक क्षारीय) के मानक पर इस स्‍थान का पीएच शून्य से भी कम अर्थात नकारात्मक निशान तक पहुंच जाता है.

पहले हुए अनुसंधान में यह बताया गया था कि इस दुरुह वातावरण में कुछ सूक्ष्म जीवों के पनपने की संभावना है. अनुसंधानकर्ताओं के अनुसार इस स्थान को मंगल ग्रह जैसा माना गया था जहां की स्थितियां रक्ताभ ग्रह जैसी ही हैं. इस अध्ययन की सह-लेखिका लोपेज गार्सिया ने बताया कि पिछले अनुसंधानों की तुलना में हमने इस बार अधिक नमूनों की जांच की और और इस नतीजे पर पहुंचे कि इन खारे, गर्म और अतिअम्लीय तालाबों में सूक्ष्म जीवों के पनपने की भी संभावना शून्य है.”