वॉशिंगटन: अमेरिका के सीक्रेट सर्विस ने कहा है कि उसने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नाम आए एक ‘संदिग्ध लिफाफे’ को पकड़ा है और इसकी जांच जारी है. इसके कुछ ही समय पहले पेंटागन ने जैविक हमलों में इस्तेमाल होने वाले घातक विषैले पदार्थ वाले पैकेटों को जब्त करने की पुष्टि की थी. समाचार एजेंसी एफे के मुताबिक, राष्ट्रपति और उनके परिवार की सुरक्षा में लगी एजेंसी सीक्रेट सर्विस ने मंगलवार को एक बयान में कहा कि उसने “राष्ट्रपति के नाम आए एक संदिग्ध लिफाफे को पकड़ा है.”

सीक्रेट सर्विस ने पुष्टि की, “लिफाफा व्हाइट हाउस में प्राप्त नहीं हुआ था, न ही कभी व्हाइट हाउस में प्रवेश कर पाया.” एरंड के बीजों में पाया जाने वाला रिसिन बेहद जहरीला होता है और अलकायदा जैसे आतंकवादी संगठन द्वारा जैविक हमलों को अंजाम देने के लिए इसका इस्तेमाल किया जाता रहा है.

हालांकि सामान्य रूप से सीक्रेट सर्विस सुरक्षा मामलों पर टिप्पणी नहीं करती है, लेकिन इसने कहा कि “इस घटना में, हम पुष्टि कर सकते हैं कि हम इस मामले की पूरी तरह से जांच करने के लिए अपने कानून प्रवर्तन सहयोगियों के साथ संयुक्त रूप से काम कर रहे हैं.”

एजेंसी ने लिफाफे की संभावित सामग्री या इसके स्रोत के बारे में कोई जानकारी नहीं दी, लेकिन रिपोर्ट उसी दिन आई, जब पेंटागन ने खुलासा किया कि उसने एक संदिग्ध पैकेज को रोका है, जिसमें प्रारंभिक जांच के अनुसार, शक्तिशाली जहर था.

डिफेंस न्यूज के मुताबिक, अमेरिकी रक्षा सचिव जेम्स मैटिस और नौसेना संचालन प्रमुख एडमिरल जॉन रिचर्डसन को भेजे गए दो मेल्स में रिसिन (जहर) के अंश पाए गए हैं.

जांच की अगुवाई कर रही एफबीआई द्वारा मंगलवार को शुरुआती खोज की पुष्टि करने के लिए दूसरा परीक्षण करने की उम्मीद है.