न्यूयॉर्क: भारतीय-अमेरिकी सीमा वर्मा का नाम ट्रंप प्रशासन द्वारा गठित की गई कोरोना वायरस टास्क फोर्स में प्रमुख सदस्य के रूप में जोड़ा गया है. यह जानकारी अमेरिकी उपराष्ट्रपति ने अपने एक अधिकारिक बयान में दी. वर्मा का अपॉइंटमेंट ऐसे समय में हुआ है, जब यूएस में कोरोना वायरस के 100 से ज्यादा मामलों की पुष्टि हो चुकी है और 6 लोगों की मौत हो चुकी है. Also Read - दिल्ली में 22000 के पार पहुंचे कोरोना वायरस के मामले, अब तक 556 की मौत

वर्मा ने पेंस की अगुवाई में सोमवार को हो रही ब्रीफिंग में अपने नए रोल के साथ उपस्थिति दर्ज कराई. स्वास्थ्य और मानव सेवा सचिव एलेक्स अजार इस टास्क फोर्स की अध्यक्षता कर रहे हैं. लेकिन वे पेंस और बीरक्स को रिपोर्ट करेंगे. Also Read - अगस्त-सितंबर में टीम इंडिया का कैंप लगाने के बारे में सोच रही है बीसीसीआई

सीमा वर्मा ने जॉन्स हॉपकिन्स विश्वविद्यालय से स्वास्थ्यनीति और प्रबंधन के साथ पब्लिक हेल्थ में मास्टर डिग्री हासिल की है. वर्मा मेडिकेयर और मेडिकेड सर्विसेज की प्रशासक हैं और वह 1 ट्रिलियन डॉलर का बजट हैंडल करती हैं, जो कि 1 करोड़ 30 लाख अमेरिकियों के स्वास्थ्य कार्यक्रमों को कवर करता है. Also Read - अमेरिका के बायोटेक कंपनी का दावा, कोरोना के मरीजों पर असरदार हो रहा है यह दवा

ट्रंप ने 2016 के चुनावों के बाद ही वर्मा को सीएमएस के हेड के तौर पर नामित कर दिया था, जिसकी पुष्टि मार्च 2017 में हुई थी. मेडिकेड अकेला हर 5 अमेरिकियों में से 1 को कवर करता है, जिसमें गर्भवती महिलाएं, नवजात, नर्सिग होम में रहने वाले बुजुर्ग और विकलांग शामिल हैं.

कई राज्यों में यह कम आय वाले निवासियों के लिए सबसे अहम हेल्थ कवरेज है.

(इनपुट आईएएनएस)