सिडनी: ऑस्ट्रेलिया ने पश्चिमी यरुशलम को इज़राइल की राजधानी के तौर पर मान्यता दे दी है. प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन ने शनिवार को इसकी घोषणा की लेकिन साथ ही कहा कि तेल अवीव से दूतावास को तब तक स्थानांतरित नहीं किया जाएगा जब तक कोई शांति समझौता नहीं हो जाता. मॉरिसन ने भविष्य में पूर्वी यरुशलम को फलस्तीन की राजधानी के तौर पर मान्यता देने की भी प्रतिबद्धता जताई.

मॉरिसन ने शनिवार को सिडनी में एक भाषण में कहा, ‘‘नेसेट और कई सरकारी संस्थान वहां स्थित होने के कारण ऑस्ट्रेलिया पश्चिमी यरुशलम को इज़राइल की राजधानी के तौर पर मान्यता देता है.’’ गौरतलब है कि इज़राइल और फलस्तीन दोनों ही यरुशलम को अपनी राजधानी बताते हैं. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस साल की शुरुआत में वहां अमेरिकी दूतावास स्थापित किया था.

‘Yellow Vest Protest’ थमने के आसार नहीं, राष्ट्रपति मैक्रों के वादे और रियायत बे-असर

तब तक ज्यादातर देश शहर के अंतिम दर्जे पर शांति वार्ता को भड़काने से बचने के लिए वहां दूतावास खोलने से बचते रहे हैं. ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री मॉरिसन ने कहा, ‘‘हम पश्चिम यरुशलम में दूतावास खोलने को लेकर उत्साहित हैं.’’ उन्होंने कहा कि दूतावास के लिए नए स्थान पर काम चल रहा है. इस बीच, प्रधानमंत्री ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया पवित्र शहर के पश्चिम में रक्षा और व्यापार कार्यालय स्थापित करेगा. हालांकि ऑस्ट्रेलिया के प्रधान मंत्री ने ये भी कहा कि भविष्य में फिलिस्तीन की राजधानी के तौर पर पूर्वी यरूशलेम को मान्यता देने के लिए भी प्रतिबद्ध है.