वाशिंगटनअमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पाकिस्तान से बेहतर संबंध बनाना चाहते हैं अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वह पाकिस्तान में नए नेतृत्व से मुलाकात करने की सोच रहे हैं और इसके साथ ही उन्होंने इस्लामाबाद पर ‘शत्रुओं को पनाह’ देने का आरोप लगाया. ‘डॉन’ ने अपनी रिपोर्ट में ‘सीएनएन’ का हवाला देते हुए बताया कि ट्रंप का यह बयान वित्त के गैर आवंटन के मुद्दे पर एक कैबिनेट बैठक के दौरान आया, जिस वजह से अमेरिकी सरकार को अपना कामकाज आंशिक रूप से बंद करना पड़ा है. ट्रम्प के इस बयान का पाकिस्तान ने स्वागत किया है.

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बहुत जल्दी करेंगे
पाकिस्तान में सोशल मीडिया पर ट्रम्प के पाकिस्तानी नेतृत्व से मुलाक़ात करने की मंशा का स्वागत किया जा रहा है और इसे नए प्रधानमंत्री इमरान खान के अच्छे कामकाज से जोड़ा जा रहा है. वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि वह पाकिस्तान के साथ बेहतर संबंध चाहते हैं. बता दें कि इससे पहले दिसंबर में उन्होंने पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान को एक पत्र लिखकर अफगान युद्ध के संबंध में समझौते के लक्ष्य तक पहुंचने के लिए सहयोग मांगा था. उन्होंने कहा, “हम पाकिस्तान के साथ बहुत अच्छे संबंध चाहते हैं, लेकिन वे शत्रुओं को पनाह देते हैं, उनका ख्याल रखते हैं.” ट्रंप ने कहा, “हम ऐसा नहीं कर सकते. इसलिए मैं पाकिस्तान में लोगों से और नए नेतृत्व से मुलाकात करने की सोच रहा हूं. हम भविष्य में बहुत जल्दी ऐसा करेंगे.

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पाकिस्तान के प्रति सख्त रहे हैं ट्रंप
ट्रंप लगातार पाकिस्तान के प्रति सख्त रवैया अपनाते रहे हैं. उन्होंने कहा था कि इतना अधिक धन हमसे लेने के बावजूद इस देश ने ‘हमारे लिए कुछ नहीं किया है.’ उन्होंने पाकिस्तान को दी जाने वाली अमेरिकी आर्थिक मदद रोक दी है. उसी तरह, पाकिस्तान ने भी ट्रंप के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार किया है. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने ट्रंप को हाल में तीखे जवाब दिए हैं और अपनी विदेश नीति के विकल्पों की समीक्षा का संकेत दिया है. उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति से अफगानिस्तान में अमेरिका की नाकामी की वजहों का अवलोकन करने की सलाह दी है. इसके बाद से ट्रंप का पाकिस्तान के प्रति रवैया नरम हुआ है. इमरान खान को लिखे पत्र से इसे समझा जा सकता है, जिसमें उन्होंने कहा था कि ‘युद्ध से अमेरिका और पाकिस्तान दोनों देशों को हानि हुई है. (इनपुट एजेंसी)

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