माले: मालदीव में दो भारतीय जर्नालिस्‍ट को अरेस्‍ट किया गया है. राजनीतिक संकट और अस्थिरता के दौर से गुजर रहे मालदीव में गिरफ्तार इन मीडियाकर्मियों को जल्‍द रिहा करने की मांग करते हुए एक सांसद ने मालदीव में लोकतंत्र की बहाली की मांग की है. Also Read - आज गुजरात को कई परियोजनाओं की सौगात देंगे पीएम मोदी, ‘किसान सूर्योदय योजना’ को भी करेंगे शुरू

अरेस्‍ट किए गए जर्नालिस्‍ट न्‍यूज एजेंसी एएफपी में कर्मचारी हैं. इनमें पंजाब के अमृतसर के मनी शर्मा और लंदन के रहने वाले अतिश रावजी पटेल हैं. न्‍यूज एजेंसी एएनआई के मुताबिक, इन मीडियाकर्मियों को नेशनल सिक्‍युरिटी के उद्देश्‍य कानून के तहत अरेस्‍ट किया गया है. मालदीव की संसद के सदस्‍य अली जाहिर ने कहा, ‘ अब हमारे यहां प्रेस की आजादी नहीं है. बीती रात को प्रमुख न्‍यूज चैनलों को बंद कर दिया गया है. हम मांग करते हैं कि जल्‍द से जल्‍द मालदीव में लोकतंत्र और कानून की बहाली की जाए.’ Also Read - Aaj Ka Panchang 24 October 2020: आज शुक्ल पक्ष अष्टमी पर देखें पंचांग, शुभ-अशुभ समय, राहुकाल

बीते दिनों सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के बाद मालदीव मेंआपातकाल की स्थिति बनी हुई है. शीर्ष कोर्ट ने पूर्व प्रेसिडेंट मोहम्‍मद नशीद समेत 9 निर्वासित नेताओं की वापसी के आदेश दिए थे. इसके बाद सत्‍तारूढ़ राष्‍ट्रपति अब्‍दुल्‍ला यामीन ने कोर्ट के आदेश को मानने से इनकार करते हुए देश में आपातकाल की घोषणा कर दी. मालदीव को लेकर भारत और चीन के बीच भी सियासत तेज हो गई है. मामले में जब पूर्व राष्‍ट्रपति नशीद ने भारत से हस्‍तक्षेप की अपील की तो चीन ने भारत के संभावित कदम को माहौल को और बिगाड़ने वाला बताया था. Also Read - धोनी ने शुरू की अगले IPL की तैयारी, बोले- अगले साल को ध्यान में रखकर बाकी 3 मैचों में युवाओं को मौका देंगे