वाशिंगटन: अमेरिका के रक्षा मंत्री जेम्स मैटिस ने बड़े कर्जों के बारे में बोलने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने उन कर्जों को स्वीकृति देने के खतरे के बारे में एक अच्छा पहलू उठाया है जो वास्तव में दिखने में बहुत अच्छे होते हैं. मैटिस ने शनिवार को सिंगापुर में शांग्री-ला वार्ता से इतर मोदी से मुलाकात की थी. मोदी ने इस वार्षिक शिखर वार्ता को संबोधित किया था. अमेरिकी रक्षा मंत्री ने कहा, ‘‘ मुझे मोदी का वह भाषण याद है. ऐसा लग रहा था जैसे मैं पुराने समय के व्यक्ति को सुन रहा हूं. मुझे लगा वह बहुत महान हैं. मुझे बड़े कर्ज के बारे में उनकी बात अच्छी लगी.’’ Also Read - Covid 19 Vaccination: कुछ देर में शुरू होगा टीकाकरण अभियान, पढ़ें 10 खास बातें

उन्होंने कहा, ‘‘अपने कमरे में वापस जाने के बाद रात में उसके बारे में सोच रहा था कि आप बेनेट वाली राइफल से लैस एक सैनिक की तुलना में कर्ज से अपनी संप्रभुत्ता और आजादी ज्यादा गंवा सकते हैं. आप आर्थिक रूप से इसे गंवा सकते हैं.’’ Also Read - सुप्रीम कोर्ट में किसानों ने PM मोदी का किया ज़िक्र, चीफ जस्टिस बोले- हम प्रधानमंत्री को नहीं कह सकते क्योंकि...

गौरतलब है कि मोदी ने उन सरकारों की आलोचना की थी जो दूसरे देशों को ऐसे कर्ज के बोझ तले दबा देते हैं जिन्हें चुका पाना असंभव होता है. इसके लिए उन्होंने विवादित दक्षिण चीन सागर में चीन के व्यवहार और उसकी बेल्ट एंड रोड पहल जैसी ढांचागत परियोजनाओं का जिक्र किया जिसमें दूसरे देशों को कर्ज देना शामिल है. Also Read - Yuva Sansad महोत्सव में बोले पीएम नरेंद्र मोदी- वंशवाद देश के लिए खतरा, युवा करें इसका खात्मा

खबरों के अनुसार, चीन ने श्रीलंका और पाकिस्तान जैसे देशों को बड़ा कर्ज दिया है जो उन पर बोझ बन गया है. इस बीच, पेंटागन के प्रवक्ता कैप्टन जेफ डेविस ने कहा कि भारत और अमेरिका ने मजबूत द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी पर बातचीत की और क्षेत्र में शांति, स्थिरता एवं समृद्धि कायम करने की दिशा में अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि की.

(इनपुट: एजेंसी)