US Elections 2020: अमेरिकी प्रेसिडेंशियल डिबेट में डेमोक्रेटिक कैंडिडेट जो बाइडेन (Joe Biden) के साथ बहस के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (US President Donald Trump) ने कोरोनावायरस की मौतों (Coronavirus Death Toll) को लेकर भारत के प्रधानमंत्री की दोस्ती को भी नहीं बख्शा. उन्होंने अपने संबोधन के दौरान कोरोनावायरस (Coronavirus) से अमेरिका में हुई मौतों के मुद्दे पर राष्ट्रपति ट्रंप ने बोलते हुए चीन और रूस के साथ भारत पर भी मौत का सही आंकड़ा नहीं देने का आरोप लगा दिया.Also Read - जानिए क्या है Teleprompter और कैसे करता है काम? जिसे लेकर राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कसा तंज

अमेरिका में लॉकडाउन लगाने और लाखों लोगों की मौत पर अपनी नीतियों का बचाव करते हुए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अगर वो वक्त पर लॉकडाउन नहीं लगाते तो इससे भी ज्यादा लोगों की मौत होतीं. डोनाल्ड ट्रंप ने अपने भाषण में कहा, ‘अगर हमने देश को खोले रखा होता तो बस दो लाख ही नहीं, इससे ज्यादा लोगों की जान गई होती. ये सब चीन की गलती है. Also Read - Azadi Ka Amrit Mahotsav: ‘आजादी के अमृत महोत्सव से स्वर्णिम भारत की ओर’ कार्यक्रम की हुई शुरुआत, पीएम मोदी ने किया संबोधित

इतना ही नहीं ट्रंप ने आगे कहा कि जब आप आंकड़ों की बात करते हैं तो आपको क्या पता चीन में कितने लोगों की मौत हुई है. रूस में कितने लोग मरे हैं या फिर भारत में कितने लोग मरे हैं. ये लोग सही आंकड़े नहीं देते हैं.’ Also Read - Pariksha Pe Charcha 2022: परीक्षा पे चर्चा के लिये आवेदन की आज आखिरी तारीख, ऐसे भरें फॉर्म

ट्रंप ने जो बाइडेन पर निशाना साधते हुए कहा कि, ‘जब मैंने लॉकडाउन लगाया तो आपने मुझे रेसिस्ट, नस्लवादी बताया था. आपको लगा था कि ये बहुत बुरा फैसला था, लेकिन डॉक्टर फाउची ने खुद कहा है कि राष्ट्रपति ट्रंप ने लाखों जिंदगियां बचाई हैं.’

बता दें कि अमेरिका ने फरवरी-मार्च से ही देश बंद करना शुरू कर दिया था. ट्रंप ने सबसे पहले कई देशों से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर बैन लगाया था, जिसे लेकर शुरुआत में उनकी आलोचना हुई थी.

फिलहाल अमेरिका कोरोनावायरस के सबसे ज्यादा मामलों में पूरी दुनिया में नंबर वन है. यहां अब तक संक्रमण के 71,48,009 मामले सामने आ चुके हैं. वहीं, 2,05,069 लोगों की मौत हो चुकी है. यहां फिलहाल कुल एक्टिव केस 41,48,332 हैं, वहीं, 27,94,608 लोग वायरस से ठीक हो चुके हैं और ये भी गौरतलब है कि इसी साल नवंबर के शुरुआती हफ्ते में अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव होने हैं.