केप केनवरल: अमेरिका में स्पेसएक्स के एक निजी विमान से कक्षा (ऑर्बिट) के तीन दिन तक चक्कर लगाने के बाद चार अंतरिक्ष पर्यटक अपनी यात्रा सफलतापूर्वक पूरी करके फ्लोरिडा तट पर अटलांटिक महासागर में उतरे. उनका स्पेसएक्स अंतरिक्षयान (कैप्सूल) सूर्यास्त से कुछ देर पहले महासागर में उतरा. इस स्थान के पास से ही तीन दिन पहले वह कक्षा की सैर पर रवाना हुए थे.Also Read - लुप्त हो रहा है कभी 9 ग्रहों में रहे प्लूटो का वातावरण, जानें वैज्ञानिक इस बारे में क्या कहते हैं

ऐसा पहली बार है, जब कक्षा का चक्कर लगाने वाले अंतरिक्ष यान में मौजूद कोई भी व्यक्ति पेशेवर अंतरिक्ष यात्री नहीं था. ये अंतरिक्ष पर्यटक यह दिखाना चाहते थे कि आम लोग भी अंतरिक्ष में जा सकते हैं और स्पेसएक्स के संस्थापक एलन मस्क ने उन्हें अंतरिक्ष में भेजा था. Also Read - 'अफगानिस्तान को मानवीय सहायता उपलब्ध कराएगा अमेरिका'; तालिबान बोला- दोहा में हुई वार्ता ‘‘अच्छी रही’’

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स्पेसएक्स मिशन कंट्रोल ने कहा, ”आपके अभियान ने दुनिया को यह दिखाया कि अंतरिक्ष हम सभी के लिए है. इस पर यात्रा के प्रायोजक जारेड इसाकमैन ने कहा, ”यह हमारे लिए बेहद रोमांचक था…अभी यह बस शुरू हुआ है.”

स्पेसएक्स का स्वचालित ड्रैगन कैप्सूल 585 किलोमीटर की ऊंचाई पर पहुंचा था
स्पेसएक्स का पूरी तरह स्वचालित ड्रैगन कैप्सूल बुधवार रात को रवाना होने के बाद 585 किलोमीटर की ऊंचाई पर पहुंच गया. 160 किलोमीटर बाद अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र से आगे निकलने के बाद यात्रियों ने कैप्सूल के सबसे ऊपर लगी खिड़की से पृथ्वी का नजारा देखा। पृथ्वी पर लौटने के बाद सभी यात्री स्वस्थ और खुश दिखे.

स्पेसएक्स ने रचा था इतिहास, पृथ्वी का चक्कर लगाने के लिए चार लोगों को निजी उड़ान से किया था रवाना
16 सितंबर को पृथ्वी के तीन दिन तक चक्कर लगाने के लिए चार लोगों से साथ रवाना की गई ‘स्पेसएक्स’ की पहली निजी उड़ान ने कक्षा में प्रवेश कर लिया था. ऐसा पहली बार है जब पृथ्वी का चक्कर लगा रहे अंतरिक्ष यान में मौजूद कोई भी व्यक्ति पेशेवर अंतरिक्ष यात्री नहीं था.

अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन से 100 मील ऊंचाई वाली एक कक्षा से पृथ्वी की परिक्रमा करते हुए तीन दिन बिताए
‘स्पेसएक्स’ के ‘ड्रैगन कैप्सूल’में मौजूद दो पुरुष और दो महिलाएं अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन से 100 मील (160 किलोमीटर) ऊंचाई वाली एक कक्षा से पृथ्वी की परिक्रमा करते हुए तीन दिन बिताए हैं.

इस उड़ान का नेतृत्व 38 वर्षीय अरबपति जारेड इसाकमैन किया
इस उड़ान का नेतृत्व 38 वर्षीय अरबपति जारेड इसाकमैन ने किया. वह ‘शिफ्ट4 पेमेंट्स इंक’ के कार्यकारी प्रबंधक हैं. उनके अलावा कैंसर से उबरी हेले आर्सीनॉक्स (29), स्वीपस्टेक विजेता क्रिस सेम्ब्रोस्की (42) और एरिज़ोना में एक सामुदायिक कॉलेज के शिक्षक सियान प्रॉक्टर (51) इस मिशन में शामिल थे. आर्सीनॉक्स अंतरिक्ष में जाने वाली सबसे कम उम्र की अमेरिकी हैं. वह किसी कृत्रिम अंग के साथ अंतरिक्ष में जाने वाली पहली शख्स भी हैं. उनके बाएं पैर में टाइटेनियम की रॉड लगी हुई है.

यह ‘स्पेसएक्स’के संस्थापक एलन मस्क द्वारा अंतरिक्ष में पर्यटकों के रूप में भेजा गया पहला समूह
अमेरिका के फ्लोरिडा स्थित ‘कैनेडी स्पेस सेंटर’ से भारतीय समयानुसार बृहस्पतिवार सुबह चार लोगों को लेकर स्पेसएक्स का ‘क्रू ड्रैगन कैप्सूल’ अंतरिक्ष के लिए रवाना हो गया. यह ‘स्पेसएक्स’के संस्थापक एलन मस्क द्वारा अंतरिक्ष में पर्यटकों के रूप में भेजा गया पहला समूह है. अंतरिक्ष को पर्यटन के लिए इस्तेमाल करने का पहले विरोध करने वाला नासा भी अब इसका समर्थन कर रहा है.