दुबई: अमेरिका के एक संघीय न्यायाधीश ने ‘वाशिंगटन पोस्ट’ के पत्रकार एवं उसके परिवार की ओर से ईरान के खिलाफ दायर मुकदमे में उन्हें 18 करोड़ डॉलर की क्षतिपूर्ति देने का आदेश दिया है. पत्रकार ने जासूसी के आरोप में ईरान में अपनी गिरफ्तारी के दौरान उसे प्रताड़ित करने को लेकर देश के खिलाफ मुकदमा दायर किया था.

वाशिंगटन में अमेरिकी डिस्ट्रिक्ट जज रिचर्ड जे. लियोन ने मामले में शुक्रवार को दिए अपने फैसले में जेसन रेजियन और उनके परिवार की ओर से दायर मुकदमे में यह फैसला सुनाया. रेजियन उन कैदियों में शुमार थे जिन्हें 544 दिन बाद 2016 में ईरान ने मुक्त किया था. विश्व शक्तियों के साथ ईरान के परमाणु समझौते के बाद अमेरिका और ईरान ने अपने-अपने कैदियों की अदला-बदली की थी, जिसमें रेजियन भी शामिल थे.

राजधानी तेहरान में स्थित स्विट्जरलैंड के दूतावास में मुकदमे को सरकार द्वारा सौंपे जाने के बावजूद ईरान ने इस संबंध में कभी प्रतिक्रिया नहीं दी. स्विस दूतावास देश में अमेरिकी हितों को देखता है. संयुक्त राष्ट्र में ईरान के मिशन ने इस पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं दी.